All writing
Everything, newest first. Prefer one language? Choose below.
-
Changing Dimensions of Friendship
· EssaysToday, out of boredom when I switched on my television and started surfing the channels, I ultimately stopped watching the last 30 minutes of a famous musical drama “DOSTI.” When…
-
हमारी बिटिया तो चली गयी
· कविताएँ‘बिटिया’ शब्द का प्रयोग इसलिए किया है क्योंकि जो दिल्ली में आहत हुई है वो एक “बिटिया” थी ना की कोई ‘बेटी’ या ‘daughter’। एक साधारण बिटिया जो कि अपने…
-
फिर भी माँ मुझसे बात करती है
· कविताएँमैं कितना बुरा हूँफिर भी माँ मुझसे बात करती है, जिनके कारण लड़ा था मैं तुमसेअपना असली रंग दिखा गएपर तुम आज भी रंगी हुई होममता के अमिट रंग में,आज…
-
कौन हो तुम?कहाँ हो तुम?
· कविताएँकल रात ही तो सपने मेंकॉफ़ी पी थी तुमने मेरे साथपर मेरी इस ज़िन्दगी में,इस सुबह मेंकौन हो तुम?कहाँ हो तुम? मेरे उस पुराने से कप पररखे थे तुमने अपने…
-
और मैं नहीं हूँ
· कविताएँवो दीवार तुम्हारे घर कीआज भी उसी रंग की हैवो सब जो जैसा थाआज भी वैसा ही हैकोई फर्क न पड़ा हैज़िन्दगी में सिवा इसकेतुम बदले हुए होऔर मैं नहीं…
-
जन्नत में मुलाक़ात
· कविताएँमेरे ख़त्म होने से अगर तुम्हारी शुरुआत होती है,तो मुझे मौत से भी गिले-शिकवात नहीं है ,कई लफ्ज़ जो अनकहे रह गये,सहेज कर रखूँगा मैं,सुनते हैं जन्नत में कोई टोंक-टांक नहीं…
-
ख़ुदा उनकी खैर करे
· कविताएँजो खुश हैं बर्बाद कर घर मेरा ख़ुदा उनकी खैर करे जुल्म किया है जिसने मेरी रूह पर ख़ुदा उनकी खैर करे ना कर पाये वो मोहब्बत और ना दोस्ती…