मछली

– अशान्त ·

– Ashant ·

· in

आज मुझे
आइंस्टाइन की वो मछली मिल गयी
जिसे उन्होंने किया था मना
पेड़ पर चढ़ने से;
वो नहीं चढ़ी थी पेड़ पर उस दिन
वो आज भी पड़ी है वहीँ
उसे न पानी मिला
न कोई तैरने का मूल्यांकन करने वाला।

आज सुबह अखबार में ख़बर आयी है
परीक्षा में फेल होने पर
छात्र ने की आत्महत्या, और
मछली भी मर गयी उसके बाद।

सुनने में आया है
बच्चा खेलना चाहता था
मछली तैरना चाहती थी!

– प्रशान्त

– अशान्त

– Ashant

अशान्त की चिट्ठी

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