ब्यूटी स्लीप

– अशान्त ·

– Ashant ·

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ब्यूटी स्लीप-
पहली बार यह शब्द तुम से सुना था
मन में आया था बस यह विचार
जो सहज ही सुंदर है
उसे क्या आवश्यकता आडम्बर की
शायद इसीलिये नहीं अच्छा लगा कभी
मुझे तुम पर मेकअप;
यह पितृसत्ता नहीं
तुम्हारे प्रति मेरी श्रद्धा है।

आज तुम सज रही होगी
सबको सुंदर दिखने को
तुम मेरी नहीं थी कभी,पर
उसका आभास आज हुआ है
कुछ कृत्रिम संबंधों के लिये
तुमने एक सरल व्यक्ति के भाव को मार दिया;
आज सबको सुंदर दिखने के लिये
तुमने कल रात ली होगी-ब्यूटी स्लीप।

बस इतना याद रखना
तुम जो जा कर भी नहीं गये
मेरे जीवन से,
मुझे याद नहीं
मैं अंतिम बार कब निश्चिंत सोया था
मैंने कभी नहीं ली-ब्यूटी स्लीप;
कोई कारण भी नहीं अब सुंदर दिखने का।

तुम्हारी खुशियाँ तुम्हारी हैं
पर उन्हें देते हैं स्थायित्व मेरे आँसू,
तुम्हे खुश रखने को
मेरा रोना ज़रूरी है
मेरे चेहरे पर लकीरें
नहीं निशानी मेरी उम्र की
वो मेरे आँसुओं के नित-निर्मित अवशेष हैं
जिन्हें तुमने कभी नहीं पोछा;
तुम्हारे बिना नींद नहीं आती-
काश! मैं भी ले पाता ब्यूटी स्लीप।

– अशान्त

– अशान्त

– Ashant

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