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हिन्दी में कविताएँ, कहानियाँ और लेख। Poems, stories and essays in Hindi.

  • सन्नाटा

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    मैं सन्नाटा चीरना चाहता हूँ चिल्लाता हूँ पूरे जोर से पर आवाज़ ना जाने कहाँ खो जाती है रह जाता है पसरा हुआ बस चारों ओर सन्नाटा पर यहाँ सब…

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  • पल भर में

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    पल भर में कभी कुछ दिनों के फासले मेंकोई ख़ास बन जाता हैकल तक जो दबा सा था हसरत मेंवही रूमानी एहसास बन जाता हैलिख लिख कर जिनकी याद मेंमेरी…

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  • पतंग

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    कोरा कागज़ जब हाथ से छूटता है तो हवा में असंख्य करतब दिखाने के पश्चात अंत में धरती से आ मिलता है. एक ऐसा मिलन जिसका पुनर्ज्ञान शायद उसे उसी…

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  • रिश्ते

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    क्या ज़रूरी है कि हर रिश्ते का इकरार होये ज़रूरी नहीं हर इकरार का इनकार होइतने नाम सुने हमने इस जहान मेंक्या ज़रूरी है हर रिश्ते का कोई नाम हो…

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  • असल ताकत आदमी के इरादों में होती है

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    ना भीड़ से ना लुभावने लफ्जों सेना तक़रीरों से ना दबे जज्बों सेदौलत की शोहरत की उम्र भी थोडी होती हैअसल ताकत आदमी के इरादों में होती है। बैठना चार…

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  • तुम तन्हा

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    तुम तन्हा कहाँ छोड़ गए बस इतनी सी बात पर मुंह मोड़ गएकल ही तो किया था तुमने इकरार और आज ही अपना इरादा भूल गए।ग़म है मुझे इसमे कोई…

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  • इतना आज वक्त नहीं

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    दूसरों के लिए सोचें ज़रा इतना आज वक्त नहीं दिल से रो और हँस सके इतना आज वक्त नहीं दूसरों को दिखाने से फुर्सत कहाँ कुछ सच्चा सोचने का वक्त…

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  • ढूँढता रहा!!

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    बादलों में सूरज ढूँढता रहारास्तों में मील के पत्थर ढूँढता रहाजिसकी ज़रूरत थी वो पास ही थाऔर मैं उसे कहाँ कहाँ ढूँढता रहा। सामने रह कर भी ना नज़र आयामैं…

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  • टापर (TOPPER)

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    भारतीय सामाजिक एवं शैक्षणिक पृष्ठभूमि में एक भिन्न भांति की व्यवस्था है जो की साधारण मनुष्यों में से कुछ सौभाग्यशालियों को ऊंचा दर्जा प्रदान करती है। जैसे ही कोई साधारण…

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  • आशिक कई बने है तेरे

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    आशिक कई बने हैं तेरेतेरी मासूमियत के वार सेनज़रें इनायत कीजिये तो ज़राहम भी खड़े है इस कतार में। अपनी नजाकत न है इल्म तुझेहर अदा दिल पर असर करती…

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